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कांग्रेस एक परिवार की पार्टी


याद कीजिए, कभी कांग्रेस में अध्यक्ष पद को लेकर नामों की चर्चा उठी हो और किसी ने यह हिम्मत की हो कि कांग्रेस परिवार से बाहर किसी एक नेता का नाम ले लें... असल में कांग्रेस एक परिवार की पार्टी है... जब भी इसमें अध्यक्ष की बात होती है, या तो सोनिया गांधी जी अध्यक्ष होंगी, या तो राहुल गांधी जी अध्यक्ष होंगे... ऐसा नहीं है कि कांग्रेस में अभी महासचिव नहीं है, लेकिन प्रियंका गांधी जी के कांग्रेस में सक्रिय तौर पर शामिल किए जाने के बाद ही ऐसा माहौल क्यों खड़ा किया जा रहा है, क्योंकि कांग्रेस एक परिवार की पार्टी है... कांग्रेस में लोग तभी सक्रिय कहे जाते हैं, जब वह इस परिवार की चाटुकारिता करते हैं... इस परिवार की वाहवाही करते हैं...

कांग्रेस सरकार आज तक 70 साल तक गरीबी हटाने के नारे लेकर चली। आज भी कांग्रेस अध्यक्ष का भाषण सुनिए, गरीबी का जिक्र वह जरूर करेंगे। इस मंच से मैं पूछना चाहता हूं कि राहुल बाबा की चार पीढ़ी तक शासन किया, 55 साल तक शासन किया। आज भी हमें गरीबी दूर करनी पड़ती है तो आपकी चार पीढ़ियों ने क्या किया, इसका हिसाब जरा देश की जनता को दीजिए। जवाहर लालजी प्रधानमंत्री बने, इंदिरा गांधी बनीं, राजीव गांधी बने, सोनियाजी ने भी मनमोहन सिंह के साथ शासन किया। इतना शासन करने के बाद भी गरीब माता को गैस का सिलिंडर नहीं दे पाए, धुएं में झोंक दिया उनको। मोदीजी की सरकार में साढ़े 6 करोड़ से ज्यादा गैस सिलिंडर देने का काम किया गया।

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