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देश से माफी मांगें राहुल गांधी

राहुल गांधी जी, यूरोप दौरे में अब आपने जिस तरह राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ की तुलना अरब देशों के इस्लामिक आतंकी संगठन मुस्लिम ब्रदरहुड से की है, उससे संघ के प्रति आस्था रखने वाले देश के करोड़ों लोगों की भावना को ठेस पहुंची है। आपको देश से माफी मांगनी चाहिए। क्या आपने देश को बदनाम करने की सुपारी ली हुई है ? आपको हिंदुस्तान को खत्म करने की कोशिश बंद कर देनी चाहिए। जिस संघ से माननीय राष्ट्रपति आदरणीय श्री रामनाथ कोविंद जी, माननीय प्रधानमंत्री आदरणीय नरेंद्र मोदी जी और पूर्व प्रधानमंत्री श्रद्धेय स्व. अटल बिहारी वाजपेयी जी जैसे लोग निकले हैं, आप उसकी तुलना एक आतंकी संगठन से करते हैं। यह माफ करने लायक नहीं है। आपको लोकतंत्र से घृणा क्यों है? आप हिंदुओं से इतनी नफरत क्यों करते हैं? संघ का विचार वर्तमान सरकार की विचारधारा है। क्या आप कहना चाहते हैं कि भारत पर किसी आतंकी संगठन का राज है? क्या 2014 में भारत की जनता ने लोकतांत्रिक तरीके से आतंकी संगठन को सरकार चलाने के लिए चुना था? मेरा मानना है कि विदेशों में भारतीय नेता होने पर गर्व करने की बजाय कांग्रेस अध्यक्ष वहां देश को नीचा दिखाने का प्रयास कर रहे हैं।
अब मुझे ऐसा प्रतीत हो चुका है कि राहुल गांधी जी के अंदर नेतृत्व की योग्यता ही नहीं है। उनकी एकमात्र योग्यता मोदी, भाजपा और संघ के प्रति घृणा भरी होने की है। अगले साल होने वाले लोकसभा चुनावों से ठीक पहले उनमें दिख रही कुंठा ठीक वैसी ही है, जो उन्होंने 2013 के आम चुनावों से पहले दिखाई थी। लेकिन देश की करोड़ों जनता आपकी इस घिनौनी कृत्य को समझ चुकी है। देश ऐसे लोगों को कभी माफ नहीं करेगा।

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