जनवरी 2014 में मा. प्रधानमंत्री आ. श्री नरेन्द्र मोदी जी ने बेटी बचाओ बेटी पढ़ाओ कैंपेन के तहत सुकन्या समृद्धि योजना की शुरुआत की थी। आप भी आसानी से इस योजना का फायदा उठा सकते हैं और अपनी बिटिया का सुनहरा भविष्य सुनिश्चित कर सकते हैं। सुकन्या समृद्धि योजना का खाता आप किसी भी पोस्ट ऑफिस या बैंकों की अधिकृत शाखा में खुलवा सकते हैं। आम तौर पर जो भी बैंक पीपीएफ खाता खोलने की सुविधा उपलब्ध कराते हैं, वे सुकन्या समृद्धि योजना का खाता भी खोलते हैं।
अकाउंट खुलवाने का फॉर्म
सुकन्या समृद्धि योजना का फॉर्म पोस्ट ऑफिस या बैंक से भी प्राप्त कर सकते हैं। पैसे जमा करने के लिए आप नेटबैंकिंग का इस्तेमाल भी कर सकते हैं। आप एक बेटी के नाम ऐसा एक ही खाता खुलवा सकते हैं। कुल मिला कर आप दो बेटियों के नाम यह खाता खुलवा सकते हैं, लेकिन अगर दूसरी बेटी के जन्म के समय आपको जुड़वां बेटी होती है तो आप तीसरा खाता भी खुलवा सकते हैं।
आपको बता दें कि यह एक लॉन्ग-टर्म डेट स्कीम है, जिसमें कोई भी शख्स बेटी के जन्म से लेकर उसके 10 साल की हो जाने तक कभी भी अकाउंट खुलवा सकता है। यह अकाउंट बच्ची के 21 साल की होने तक जारी रहेगा। खाता खुलवाने के समय 1000 रुपए चाहिए, जो कैश, चैक, और ड्राफ्ट में जमा हो सकते हैं। यह योजना बालिका के जन्म से लेकर शादी करने तक परिजनों को आर्थिक मजबूती प्रदान करती है। यह योजना घटते लिंगानुपात के बीच कन्या जन्मदर को प्रोत्साहन देने में देशभर में वरदान की तरह काम कर रहा है। बेटी की पढ़ाई व शादी के लिए पैसे की टेंशन दूर करने में मदद करेगी।
मैं मा. प्रधानमंत्री जी को देश की बेटियों को इस सुरक्षा और गर्व का भाव एहसास कराने के लिए बधाई एवम् धन्यवाद देता हूं।
अकाउंट खुलवाने का फॉर्म
सुकन्या समृद्धि योजना का फॉर्म पोस्ट ऑफिस या बैंक से भी प्राप्त कर सकते हैं। पैसे जमा करने के लिए आप नेटबैंकिंग का इस्तेमाल भी कर सकते हैं। आप एक बेटी के नाम ऐसा एक ही खाता खुलवा सकते हैं। कुल मिला कर आप दो बेटियों के नाम यह खाता खुलवा सकते हैं, लेकिन अगर दूसरी बेटी के जन्म के समय आपको जुड़वां बेटी होती है तो आप तीसरा खाता भी खुलवा सकते हैं।
आपको बता दें कि यह एक लॉन्ग-टर्म डेट स्कीम है, जिसमें कोई भी शख्स बेटी के जन्म से लेकर उसके 10 साल की हो जाने तक कभी भी अकाउंट खुलवा सकता है। यह अकाउंट बच्ची के 21 साल की होने तक जारी रहेगा। खाता खुलवाने के समय 1000 रुपए चाहिए, जो कैश, चैक, और ड्राफ्ट में जमा हो सकते हैं। यह योजना बालिका के जन्म से लेकर शादी करने तक परिजनों को आर्थिक मजबूती प्रदान करती है। यह योजना घटते लिंगानुपात के बीच कन्या जन्मदर को प्रोत्साहन देने में देशभर में वरदान की तरह काम कर रहा है। बेटी की पढ़ाई व शादी के लिए पैसे की टेंशन दूर करने में मदद करेगी।
मैं मा. प्रधानमंत्री जी को देश की बेटियों को इस सुरक्षा और गर्व का भाव एहसास कराने के लिए बधाई एवम् धन्यवाद देता हूं।

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